कद छोटा कारनामें बड़े बीच में खड़े भाई का नाम दिव्यांशु कुमार है। प्रयागराज जंक्शन पर पिछले 3 महीने से टिकट चेक करता था। इज्जत इसलिए नहीं दे रहा क्योंकि ये नटवरलाल निकला। मतलब नकली निकला।
संवाददाता शिक्षा तिवारी
यात्रियों से टिकट के नाम पर फर्जी वसूली करता था। आरपीएफ ने पकड़ लिया। पूछा ऐसा क्यों कर रहा? दिव्यांशु का कहना है- मेरा घर गाजीपुर में है। परिवार के लोग नौकरी का दबाव बना रहे थे, इसलिए परिवार से कह दिया कि रेलवे में दरोगा बन गया। दिव्यांशु ने माघ मेले के दौरान अपनी पत्नी, पिता और मां को प्रयागराज ले आया था। वर्दी का रौब दिखाकर सरकारी रसूख के साथ उन्हें स्नान करवाया था। परिवार को भी लगा कि बेटा दरोगा बन गया।
अब पुलिस ने दिव्यांशु की वर्दी ले ली है। दिव्यांशु जल्द ही कैदी की ड्रेस में दिखेगा। ये असली होगा।












