अखिलेश को मुख्यमंत्री बनाकर नेताजी का ऋण चुकाएंगे सैनिक: कर्नल शरद शरण
पवन सूर्यवंशी ब्यूरो चीफ ऑल एनसीआर
फर्रुखाबाद। समाजवादी पार्टी के सैनिक प्रकोष्ठ की सांगठनिक बैठक सोमवार को जनपद में आयोजित की गई, जिसमें संगठन को मजबूत करने और आगामी राजनीतिक रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक की अध्यक्षता समाजवादी सैनिक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय प्रवक्ता रि. लेफ्टिनेंट कर्नल शरद शरण ने की।जानकारी के अनुसार, भोजपुर विधानसभा क्षेत्र के मदनपुर में सैनिक प्रकोष्ठ के विधानसभा अध्यक्ष हरमोहन सिंह के प्रतिष्ठान पर आयोजित इस बैठक में बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। बैठक को संबोधित करते हुए कर्नल शरद शरण ने कहा कि पूर्व रक्षामंत्री एवं समाजवादी पार्टी के संस्थापक श्रद्धेय मुलायम सिंह यादव ने अपने कार्यकाल में सैनिकों के हित में कई ऐतिहासिक फैसले लिए थे। उन्होंने कहा कि सैनिक प्रकोष्ठ के कार्यकर्ता नेताजी के उस ऋण को अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाकर चुकाएंगे।उन्होंने वर्तमान प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में बेरोजगारी चरम पर है और प्रदेश देश में बेरोजगारी के मामले में शीर्ष पर पहुंच गया है। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि सैनिक भर्ती प्रक्रिया में बदलाव कर युवाओं के साथ अन्याय किया गया है। बैठक के दौरान संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने, अधिक से अधिक पूर्व सैनिकों और युवाओं को जोड़ने तथा आगामी चुनावों को लेकर रणनीति तैयार की गई। इसके बाद प्रदेश अध्यक्ष के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने खिमसेपुर निवासी जिला प्रवक्ता/सचिव राधेश्याम सविता के आवास पर भी बैठक कर संगठन विस्तार पर चर्चा की। इस अवसर पर जिला प्रवक्ता/सचिव राधेश्याम सविता ने कहा कि देश की सीमाओं की रक्षा करने वाले सैनिक अब समाज में असमानता और संविधान विरोधी सोच के खिलाफ भी आवाज बुलंद कर रहे हैं। उन्होंने सभी साथियों का स्वागत करते हुए संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया। बैठक में प्रदेश महासचिव राजीव कुमार, प्रदेश सदस्य छोटे सिंह यादव, जिलाध्यक्ष के.के. यादव, जिला सचिव अजीत यादव, रुकमंगल सिंह, कोषाध्यक्ष राजू शर्मा, जिला उपाध्यक्ष जय सिंह शाक्य, यशवंत सिंह बिसेन, विधानसभा अध्यक्ष हरमोहन सिंह, भुवनेश कुमार, बैजनाथ सिंह, ओम निवास सिंह, रूप सिंह, राजेंद्र सिंह, राकेश श्रीवास्तव, सुरेंद्र सिंह, धनपाल सिंह सहित कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। बैठक को संगठन विस्तार और आगामी चुनावी तैयारियों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।












