एटा संत समागम में आकर्षण का केंद्र बनी निरंकारी प्रदर्शनी
संवाददाता योगेन्द्र सिंह एटा में श्रद्धालुओं की सुविधा और विभिन्न आयु वर्गों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए प्रदर्शनी को तीन प्रमुख भागों में विभाजित किया गया है। इनमें मुख्य प्रदर्शनी, बाल प्रदर्शनी और संत निरंकारी चैरिटेबल फाउंडेशन (एसएनसीएफ) प्रदर्शनी शामिल हैं।
मुख्य प्रदर्शनी में मिशन के इतिहास, आध्यात्मिक यात्रा तथा सतगुरु माता जी एवं निरंकारी राजपिता जी की मानव कल्याण यात्राओं को आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया गया है। तीन विशेष मॉडलों के माध्यम से समागम के मुख्य विषय ‘जागृति’ को दर्शाते हुए श्रद्धालुओं को आत्मचिंतन, आध्यात्मिक समझ और सकारात्मक जीवन-दृष्टि अपनाने की प्रेरणा दी जा रही है। 
बाल प्रदर्शनी बच्चों के मानसिक, भावनात्मक और आध्यात्मिक विकास पर केंद्रित है। इसमें रोचक प्रस्तुतियों के माध्यम से अच्छे संस्कारों, नैतिक मूल्यों और जीवनोपयोगी शिक्षाओं का संदेश दिया गया है, ताकि बच्चे शिक्षा के साथ-साथ मानवीय मूल्यों को भी अपने जीवन में स्थान दे सकें।
एसएनसीएफ प्रदर्शनी में संत निरंकारी मिशन की सामाजिक कल्याण और समाज सुधार से जुड़ी गतिविधियों को प्रदर्शित किया गया है। इसमें रक्तदान, स्वास्थ्य सेवाओं, सामाजिक जागरूकता तथा सादे एवं सामूहिक विवाह जैसे प्रयासों के माध्यम से निःस्वार्थ सेवा, मानवता और समाज के प्रति उत्तरदायित्व निभाने की प्रेरणा दी जा रही है।












