OPS से लेकर भर्ती तक गरजा कर्मचारी मोर्चा—कलेक्ट्रेट घेरकर सरकार को चेतावनी
संवाददाता बृजेन्द्र मौर्य
फतेहपुर। उत्तर प्रदेश राज्य कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर जनपद में कर्मचारियों और शिक्षकों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। लोक निर्माण विभाग कार्यालय से कलेक्ट्रेट तक निकाले गए पैदल मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की। कलेक्ट्रेट पहुंचकर मुख्यमंत्री को संबोधित संयुक्त ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा गया।
प्रदर्शनकारियों ने पुरानी पेंशन योजना (OPS) की बहाली, NPS/UPS और PFRDA एक्ट को समाप्त करने, संविदा व आउटसोर्सिंग व्यवस्था खत्म कर कर्मियों को नियमित करने तथा रिक्त पदों पर स्थायी भर्ती की मांग प्रमुखता से उठाई। इसके साथ ही 8वें वेतन आयोग के गठन, 10 प्रतिशत अंतरिम राहत और नई शिक्षा नीति (NEP) को वापस लेने की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही।
महासंघ के नेता रामानुज सिंह ने मानव संपदा पोर्टल पर चल-अचल संपत्ति का विवरण दर्ज करने की अनिवार्यता को लेकर कर्मचारियों की समस्याएं उठाईं। उनका कहना था कि बोर्ड परीक्षाओं की व्यस्तता और पोर्टल की तकनीकी दिक्कतों के कारण कई कर्मचारी विवरण दर्ज नहीं कर सके हैं। ऐसे में अनुशासनिक कार्रवाई के बजाय एक माह की अतिरिक्त समय सीमा दिए जाने की मांग की गई है।
प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में कर्मचारी और शिक्षक मौजूद रहे। वक्ताओं ने चेतावनी दी कि मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।











