उज्जैन में 8 करोड़ का बीमा घोटाला। 21 नॉमिनी सहित 40 आरोपियों पर केस।
संवाददाता संतोष यादव
उज्जैन स्थित आर्थिक अपराधप्रकोष्ठ (EOW) ने ICICI प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस से जुड़े करीब 8 करोड रुपए के बीमा घोटाले का बड़ा खुलासा किया है। इस संगठित ठगी में बीमा एजेंट, पॉलिसी धारक उनके नॉमिनी और पंचायत स्तर तक की मिली भगत सामने आई है। मामले में सरपंच, सचिव और सहायक सचिव सहित करीब 40 लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। EOW मंदसौर उज्जैन को 3 सितंबर 2025 के मृत व्यक्तियों के नाम पर बीमा पॉलिसीया जारी किए जाने की शिकायत मिली थी। जांच के दौरान पूरे मामले में ग्राम आलाखेड़ा के सरपंच जसवंत सिंह, सचिव राजकुमार देवड़ा और सहायक सचिव राधेश्याम गुर्जर की मुख्य भूमिका सामने आई। इसके अलावा पालखंदा के सचिव मेंबर चौधरी, और ग्राम पंचायत धुरेहरी के सचिव लाखन सिंह चौहान, इन्होंने फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनाकर मौत दर्शायी और झूठे दस्तावेजों के आधार पर बीमा कंपनी में क्लेम प्रस्तुत किया। बीमा कंपनी जांच के द्वारा कुल 27 पॉलिसीयों में गड़बड़ी मिली। जिनमें से 19 मामलों में बीमारी छुपाकर पॉलिसी ली गई और आठ मामलों में मृत व्यक्तियों के नाम पर पॉलिसी जारी कर क्लेम करने की कोशिश की गई। सभी आरोपियों को इस मामले में दोषी पाया गया और उनके खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया।












