प्रधानाध्यापक एवं महंत पुजारी में, मंदिर परिषद को लेकर विवाद।
संवाददाता करन कुमार विश्वकर्मा जनपद प्रतापगढ़
प्रतापगढ़। आपको बता दें कि जनपद प्रतापगढ़ में विकास खण्ड सदर के अंतर्गत बीआरसी सुखपालनगर के अंतर्गत प्राथमिक विद्यालय पड़वासी में श्री विद्यासागर सिंह प्रधानाध्यापक के पद पर तैनात है। इसके साथ ही सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार स्थानीय लोगों एवं ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि आए दिन विद्यालय में हस्ताक्षर करके अधिकतर समय लापता रहते है। गुरुवार को बाबा देवघाट महादेवन धाम में महंत पुजारी को लेकर विवाद एवं महाशिवरात्रि पर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित कराने हेतु मौके पर पहुंचे एएसपी एवं सीओ सिटी प्रशांतराज एवं नायब तहसीलदार सदर के साथ मौके पर तथाकथित महंत के पक्ष में डटे रहकर वकालत करते दिखे। विद्यालय के शिक्षकों से जानकारी की गई तो बताया गया कि बीआरसी में तीन दिवसीय ट्रेनिंग के लिए स्कूल से रिलीव होकर गए है। पर प्रशिक्षण लेने के बजाय गुरुवार दोपहर में बाबा देवघाट महादेवन धाम पर अधिकारियों के साथ गोसाई जाति के लोगों की मंदिर को हथियाने के लिए रस्साकसी करते दिखे। विदित हो कि बाबा बालुकेश्वर नाथ भरत धाम चेरिटेबल ट्रस्ट देवघाट का अपने आपको सचिव बताते है। इसी ट्रस्ट के माध्यम से ऐतिहासिक मंदिर को कब्जाने के लिए अधिकतर समय मंदिर पर रहकर पसीना बहाते रहते है अपने विद्यालय से सरोकार न के बराबर है। बताया गया कि चार शिक्षकों के बीच में कुल 52 बच्चे है इनकी लापरवाही के चलते अधिकतर बच्चे गैर हाजिर ही रहते है। बड़ा सवाल बच्चों की जिंदगी से खिलवाड़ करने का लाइसेंस आखिर किस अधिकारी ने दे दिया है? आखिर किस जनप्रतिनिधि के दबाव में अधिकारी उक्त प्रधानाध्यापक से खौफजदा रहते है? सबकुछ जानते हुए भी आखिर अधिकारी इन पर कार्यवाही कराने की जहमत क्यों नहीं उठा पाते है? देखना है जिले के तेज तर्रार जिलाधिकारी एवं बीएसए इनके खिलाफ विधिक कार्यवाही सुनिश्चित कराते है या फिर इनकी दिखाउठी पैठ एवं राजनीतिक पकड़ के आगे इनके खिलाफ कोई भी कार्यवाही कराने से खौफ खाते है।












