भक्ति और आस्था में डूबा श्रृंगवेरपुर, महिलाओं ने रखा हरतालिका तीज का व्रत
प्रयागराज। भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया पर मनाए जाने वाले हरतालिका तीज पर्व पर मंगलवार को श्रृंगवेरपुर धाम में आस्था और श्रद्धा का सैलाब उमड़ पड़ा। प्राचीन श्रृंगवेरपुर धाम में हजारों की संख्या में महिलाएं गंगा स्नान कर पूजन-अर्चन करने पहुंचीं।
सुबह से ही गंगा तट पर स्नान-ध्यान और पूजा-पाठ का दौर चलता रहा। महिलाएं पारंपरिक परिधानों और श्रृंगार में सजी-धजी हाथों में पूजा की थाली लेकर मां गौरी और भगवान शिव की आराधना में लीन रहीं।
हरतालिका तीज का यह व्रत विशेष रूप से कुंवारी कन्याओं और सुहागिन महिलाओं के लिए फलदायी माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन माता पार्वती ने कठोर तप कर भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त किया था। इसी उपलक्ष्य में महिलाएं निर्जला व्रत रखकर अखंड सौभाग्य और वैवाहिक सुख-समृद्धि की कामना करती हैं।
श्रृंगवेरपुर धाम में दिनभर भक्ति-भाव और पूजा-पाठ का माहौल बना रहा। श्रद्धालुओं की भीड़ के चलते पूरे क्षेत्र में मेले जैसा दृश्य देखने को मिला। स्थानीय प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्था के लिए विशेष इंतज़ाम किए थे।
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