नशा मुक्त जनपद के लिए अभियान तेज करें: एडीएम सिटी विकास कश्यप
संवाददाता: पवन सूर्यवंशी गाजियाबाद: जनपद को नशा मुक्त बनाने के उद्देश्य से मादक पदार्थों की बिक्री एवं तस्करी के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने के लिए महात्मा गांधी सभागार, कलेक्ट्रेट गाजियाबाद में नारको को-ऑर्डिनेशन सेंटर की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक जिलाधिकारी श्री रविन्द्र कुमार माँदड़ के निर्देशन में तथा एडीएम सिटी श्री विकास कश्यप की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए एडीएम सिटी श्री विकास कश्यप ने कहा कि जनपद में मादक पदार्थों के अवैध कारोबार, खरीद-फरोख्त और ड्रग तस्करी के खिलाफ अभियान को और अधिक तेज किया जाना आवश्यक है। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को कर्तव्यनिष्ठा और ईमानदारी से अपने दायित्वों का निर्वहन करने के निर्देश दिए।

एडीएम सिटी ने कहा कि जनपद की अंतर्राज्यीय सीमाओं पर कड़ी निगरानी रखी जाए तथा सतर्कता और इंटेलिजेंस तंत्र को मजबूत किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सीमा प्रबंधन जनपद की सुरक्षा और विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है और इसे एक सामूहिक मुहिम के रूप में आगे बढ़ाया जाना चाहिए।
उन्होंने निर्देश दिए कि विद्यालयों, अस्पतालों और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर नशा मुक्ति से संबंधित जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। विद्यालयों के आसपास गुटखा, सिगरेट एवं अन्य नशीले पदार्थों की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध सुनिश्चित कराया जाए। साथ ही स्कूलों में वाद-विवाद, चित्रकला, स्लोगन, निबंध प्रतियोगिता जैसी गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जाए।
जीआरपी, आरटीओ एवं परिवहन विभाग को निर्देशित किया गया कि रेलवे स्टेशन, बस स्टेशन एवं बस स्टैंड जैसे स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाए, ताकि मादक पदार्थों की तस्करी में संलिप्त लोगों को पकड़ा जा सके और युवाओं को नशे से दूर रखा जा सके।
बैठक में ड्रग इंस्पेक्टर को सभी मेडिकल स्टोरों का नियमित निरीक्षण करने तथा बिना लाइसेंस नारकोटिक्स रखने वाले मेडिकल स्टोरों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही कोडीन युक्त दवाओं की अवैध खरीद-फरोख्त पर प्रभावी रोक लगाने के लिए भी ठोस कदम उठाने को कहा गया।
एडीएम सिटी ने यूपीएसआरटीसी गाजियाबाद के अधिकारियों को निर्देश दिए कि बस स्टॉप और बस स्टैंड के आसपास मादक पदार्थों की बिक्री रोकने के लिए संबंधित दिशा-निर्देश पुलिस एवं अन्य विभागों के साथ साझा किए जाएं। उन्होंने यह भी कहा कि आगामी बैठकों में उच्च शिक्षा विभाग और श्रम विभाग के अधिकारियों/प्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया जाए।
इस बैठक में स्वास्थ्य विभाग, पुलिस विभाग, नारकोटिक्स सेल, खाद्य विभाग, ड्रग इंस्पेक्टर, डीपीओ, समाज कल्याण विभाग, शिक्षा विभाग, वन विभाग, यातायात विभाग सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
— सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग, गाजियाबाद
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