“सड़क पर तड़पता रहा युवक… तभी फरिश्ता बनकर पहुंचीं एसपी निवेदिता पाल, मानवता की मिसाल बनी जांजगीर पुलिस”
जिला संवाददाता ताम्रध्वज साहू
जांजगीर-चांपा जिले में आज मानवता और संवेदनशील पुलिसिंग की एक ऐसी तस्वीर सामने आई, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया। जिले की प्रभारी पुलिस अधीक्षक निवेदिता पाल ने अपनी तत्परता और मानवीय संवेदनशीलता से यह साबित कर दिया कि पुलिस केवल कानून व्यवस्था संभालने तक सीमित नहीं, बल्कि जरूरतमंदों की जिंदगी बचाने के लिए भी हर पल तैयार रहती है।
आज दोपहर लगभग 2:15 बजे शासकीय कन्या महाविद्यालय जांजगीर मेन रोड पर एक मोटरसाइकिल चालक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद युवक सड़क पर दर्द से तड़प रहा था और मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया था। उसी दौरान जिले की प्रभारी एसपी निवेदिता पाल वहां से गुजर रही थीं।
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने बिना एक पल गंवाए अपना काफिला रुकवाया और तुरंत घायल युवक की मदद के लिए आगे आईं। उन्होंने स्वयं घायल युवक को अपने शासकीय वाहन में बैठाया और तत्काल जिला अस्पताल जांजगीर पहुंचाकर भर्ती कराया। इतना ही नहीं, उन्होंने डॉक्टरों को घायल युवक के समुचित और बेहतर इलाज के निर्देश भी दिए।
एसपी की इस संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई ने वहां मौजूद लोगों को भावुक कर दिया। लोगों ने कहा कि ऐसी तस्वीरें पुलिस के प्रति समाज का विश्वास और सम्मान और अधिक मजबूत करती हैं।
समय पर मिली मदद से घायल युवक की जान बच गई। युवक ने भी भावुक होकर पुलिस अधीक्षक का धन्यवाद व्यक्त किया और कहा कि “अगर समय पर मदद नहीं मिलती तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी।”
जांजगीर-चांपा पुलिस की यह मानवीय पहल अब पूरे जिले में चर्चा का विषय बनी हुई है। पुलिस अधीक्षक निवेदिता पाल की यह कार्यशैली न केवल पुलिस विभाग के लिए प्रेरणा है, बल्कि समाज को यह संदेश भी देती है कि इंसानियत से बड़ा कोई धर्म नहीं होता।
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