31 दिसंबर के बाद बिना QR कोड वाले ई-रिक्शा पर होगी कार्रवाई
संवाददाता: पवन सूर्यवंशी: गाजियाबाद : पुलिस आयुक्त गाजियाबाद के निर्देश पर यातायात पुलिस कमिश्नरेट गाजियाबाद ने शहर में संचालित ई-रिक्शा को लेकर सख्त रुख अपनाया है। यातायात व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने और महिला सुरक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से सभी ई-रिक्शा चालकों व स्वामियों को यूनिक QR कोड उपलब्ध कराए जा रहे हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि 31 दिसंबर 2025 के बाद बिना QR कोड के संचालित पाए जाने वाले ई-रिक्शा के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

यातायात पुलिस अधिकारियों के अनुसार, QR कोड योजना के तहत प्रत्येक ई-रिक्शा को एक विशिष्ट पहचान दी जा रही है। QR कोड स्कैन करने पर चालक का नाम, फोटो, मोबाइल नंबर, वाहन पंजीकरण और परमिट से संबंधित विवरण तुरंत उपलब्ध होगा, जिससे ई-रिक्शा के अधिकृत संचालन को सुनिश्चित किया जा सकेगा और अवैध ई-रिक्शा पर प्रभावी अंकुश लगेगा।
पुलिस का कहना है कि इस व्यवस्था से महिला सुरक्षा को भी मजबूती मिलेगी। किसी भी आपात स्थिति, छेड़छाड़ या आपराधिक घटना की दशा में ई-रिक्शा और चालक की पहचान कर तत्काल पुलिस सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी। इससे खास तौर पर महिलाओं में ई-रिक्शा से यात्रा को लेकर भरोसा बढ़ेगा।
इसके अलावा QR कोड के माध्यम से निर्धारित रूट, नो-एंट्री क्षेत्रों और यातायात नियमों के पालन की निगरानी आसान होगी, जिससे जाम, अव्यवस्थित पार्किंग और नियम उल्लंघन की घटनाओं में कमी आने की उम्मीद है। दुर्घटना या अपराध की स्थिति में त्वरित पहचान के जरिए तुरंत कार्रवाई संभव हो सकेगी।
यातायात पुलिस ने सभी ई-रिक्शा चालकों और स्वामियों से अपील की है कि वे 31 दिसंबर से पहले यातायात पुलिस द्वारा चलाई जा रही QR कोड योजना के तहत निःशुल्क पंजीकरण कराकर QR कोड प्राप्त कर लें और उसे ई-रिक्शा पर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करें।
यातायात पुलिस कमिश्नरेट गाजियाबाद ने भरोसा दिलाया है कि आमजन के सहयोग से शहर को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और महिला-अनुकूल बनाने की दिशा में यह कदम अहम साबित होगा।
यातायात पुलिस X (ट्विटर) चैनल: @Gzbtrafficpol
यातायात पुलिस कंट्रोल रूम: 9643322904
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