हलफनामे पर हाईकोर्ट का हंटर, जेठवारा थाना प्रभारी से मांगा जवाब
जिला संवाददाता अमित शुक्ला
गलत जानकारी देने के आरोप पर इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ सख्त, स्पष्टीकरण तलब
प्रतापगढ़/लखनऊ। इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने प्रतापगढ़ के जेठवारा थाना प्रभारी नागेंद्र सिंह द्वारा न्यायालय में दाखिल जवाबी हलफनामे में कथित रूप से गलत तथ्य प्रस्तुत किए जाने के मामले को गंभीरता से लिया है। अवमानना याचिका की सुनवाई के दौरान न्यायालय ने इस पर कड़ी नाराजगी जताते हुए थाना प्रभारी से स्पष्टीकरण मांगा है।
न्यायमूर्ति सौरभ लवानिया की एकल पीठ ने प्रथम दृष्टया माना कि न्यायालय के समक्ष गलत तथ्य रखे गए हैं। अदालत ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 231 तथा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 379 के तहत कार्रवाई की संभावना जताते हुए संबंधित अधिकारी से जवाब तलब किया है।
याचिका के अनुसार, थाना प्रभारी ने अपने हलफनामे में एक आपराधिक मुकदमे को लंबित बताया, जबकि याचिकाकर्ता का दावा है कि राज्य सरकार ने पहले ही दंड प्रक्रिया संहिता (CrPC) की धारा 321 के तहत उक्त मुकदमा वापस ले लिया था। इसी कथित विरोधाभास को न्यायालय ने गंभीर मानते हुए मामले में स्पष्टीकरण मांगा है।
अब अगली सुनवाई में थाना प्रभारी द्वारा दाखिल जवाब के आधार पर हाईकोर्ट आगे की कार्रवाई पर निर्णय लेगा। मामले पर सभी की निगाहें टिकी हैं।












