मुजफ्फरनगर में दिल दहला देने वाली वारदात: पति ने पत्नी और दो मासूम बच्चों की हत्या के बाद खुद दी जान
डिप्टी स्टेट ब्यूरो चीफ धर्मेंद्र चौहान



मुजफ्फरनगर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में मंगलवार को एक ही परिवार के चार लोगों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से सनसनी फैल गई। एक बंद कमरे के अंदर पति का शव फंदे से लटका मिला, जबकि पत्नी और दो मासूम बच्चे मृत अवस्था में बेड और फर्श पर पड़े थे। घटना सरवट इलाके की गली नंबर-6 की है, जहां इरशाद (32) अपनी पत्नी नूरीन (28), दो साल के बेटे आहिल और एक महीने की बेटी अक्शा के साथ रहता था। इरशाद पेशे से पेंटर था।
मंगलवार सुबह करीब 11 बजे जब काफी देर तक घर का दरवाजा नहीं खुला तो पड़ोसियों को शक हुआ। उन्होंने इरशाद के भाई नौशाद को बुलाया। पुलिस की मौजूदगी में दरवाजा तोड़ा गया तो अंदर का मंजर देखकर सभी सन्न रह गए। चारों की मौत हो चुकी थी। मौके पर पहुंची पुलिस टीम में थाना प्रभारी आशुतोष कुमार के साथ SSP संजय कुमार वर्मा, ASP सिद्धार्थ के. मिश्रा, CO मंडी राजू कुमार साव, डॉग स्क्वायड, एलआईयू और फोरेंसिक टीम शामिल रही। सभी ने घटनास्थल की गहन जांच की।
घरेलू विवाद बना मौत की वजह!
परिजनों के मुताबिक, हाल ही में इरशाद की बहन घर आई थी, जिसे उसने ईदी में 1700 रुपए दिए थे। इसी बात को लेकर पत्नी नूरीन नाराज हो गई थी। विवाद इतना बढ़ा कि दोनों के बीच कई दिनों से तनाव चल रहा था। सोमवार को नूरीन की दो बहनें भी घर पहुंचीं, जहां जमकर कहासुनी हुई। पड़ोसियों के अनुसार, मंगलवार तड़के करीब 4 बजे तक घर में झगड़े की आवाजें आ रही थीं, जिसके बाद अचानक सब कुछ शांत हो गया। प्रारंभिक जांच में
हत्या के बाद आत्महत्या की आशंका
SSP संजय कुमार वर्मा ने बताया कि शुरुआती जांच में मामला पति द्वारा पहले पत्नी और बच्चों की हत्या करने और फिर आत्महत्या करने का प्रतीत हो रहा है। हालांकि, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के बाद ही मौत की असली वजह स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस ने पड़ोसियों और परिजनों से पूछताछ शुरू कर दी है और सभी पहलुओं पर जांच जारी है। इस हृदयविदारक घटना से पूरे इलाके में शोक और दहशत का माहौल है।












