गन्ना तकनीक परियोजना के तहत किसानों को प्रशिक्षण, बिजाई पर मिलेगा हजारों का अनुदान
जिला क्राइम रिपोर्टर
सागर गोयल पानीपत, हरियाणा
पानीपत, 19 दिसम्बर। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के गन्ना अनुभाग इकाई की ओर से गांव राणा माजरा में गन्ना तकनीक परियोजना के अंतर्गत एक दिवसीय किसान-गोष्ठी एवं प्रशिक्षण कैंप का आयोजन किया गया। कैंप का संचालन कृषि निरीक्षक मुस्तकिम अहमद ने किया। इस अवसर पर सहायक गन्ना विकास अधिकारी डॉ. राजीव कुमार ने किसानों को गन्ना तकनीकी परियोजना वर्ष 2025-26 की विभिन्न योजनाओं की जानकारी देते हुए बताया कि विभाग द्वारा सिफारिश की गई गन्ना किस्मों की बीज नर्सरी तैयार करने पर किसानों को 5000 रुपये प्रति एकड़ का अनुदान दिया जाएगा। वहीं चौड़ी खूड़ विधि एवं एकल आंख विधि से गन्ना बिजाई करने पर 3000 रुपये प्रति एकड़ की अनुदान राशि का प्रावधान है। उन्होंने बताया कि गन्ना किस्म सी.ओ.-15023 की बिजाई कर उसे बीज के रूप में अन्य किसानों को बेचने पर 5000 रुपये प्रति एकड़ का अनुदान भी दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त जो किसान गन्ने के साथ अंतःफसल की बिजाई करते हैं, वे एनएफएसएम (सी.सी.) 2025-26 योजना के अंतर्गत डेमोंस्ट्रेशन ऑफ इंटरक्रॉपिंग विद शुगरकेन मद में आवेदन कर सकते हैं। टीएमएस शुगरकेन योजना में किसान अधिकतम 5 एकड़ तथा एनएफएसएम योजना के तहत 2 एकड़ तक अनुदान के लिए आवेदन कर सकते हैं।
इच्छुक किसान 31 दिसम्बर 2025 तक विभागीय वेबसाइट www.agriharyana.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। साथ ही किसानों को मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पर अपनी फसल का पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा। कार्यक्रम में कृषि विज्ञान केन्द्र, उझा के सीनियर कोऑर्डिनेटर डॉ. सतपाल ने गन्ने की बिजाई से पूर्व बीज के जैविक एवं रासायनिक उपचार, गन्ने में लगने वाली बीमारियों व कीट नियंत्रण के उपायों की जानकारी दी। साथ ही उन्होंने वर्तमान में गेहूं एवं सरसों की फसलों में आने वाली समस्याओं और उनके समाधान पर भी विस्तार से चर्चा की।
किसान-गोष्ठी में असलम, मुबारिक, योगेश, ताहिर सहित 60 से अधिक किसानों ने भाग लेकर विभागीय योजनाओं की जानकारी प्राप्त की।












