अनुत्तीर्ण विद्यार्थियों को मिलेगा अब दूसरा अवसर। डां. यादव।
संवाददाता संतोष यादव उज्जैन।
मुख्य परीक्षा में अनुत्तीर्ण अनुपस्थित या ऐसे विद्यार्थी तो हुए, पर अपने अंकों में सुधार चाहते हैं। वे दिनांक 7/5/2026 से आयोजित होने वाली द्वितीय अवसर परीक्षा में सम्मिलित हो सकते हैं। पहले जहां सप्लीमेंट्री परीक्षा सीमित दायरे में होती थी, वहीं अब बोर्ड ने इसे पूरी तरह खत्म कर द्वितीय परीक्षा प्रणाली लागू कर दी है। जिससे सभी छात्रों को समान अवसर मिल सके। इस व्यवस्था के तहत अब फेल छात्र ही नहीं बल्कि, पास हुए छात्र भी फिर से परीक्षा दे सकेंगे। यानी जो छात्र अपनी परीक्षा के अंकों से संतुष्ट नहीं है वे छात्र अपनी श्रेणी को सुधारने के लिए दोबारा परीक्षा में शामिल हो सकतें हैं। इस अवसर के साथ एक सख्त नियम बोर्ड ने स्पष्ट क्या है की मुख्य परीक्षा का परिणाम घोषित होने के बाद केवल सात दिनों के भीतर ही आवेदन करना अनिवार्य होगा। इस सात दिवसीय अवधि में छात्रों को परीक्षा फॉर्म भरकर विषय अनुसार निर्धारित शुल्क जमा करना होगा। तभी उन्हें द्वितीय परीक्षा में शामिल होने की अनुमति मिलेगी। निर्धारित योजना के अनुसार द्वितीय परीक्षा 07 मई 2026. से शुरू होगी जिसमें कक्षा दसवीं और बारहवीं दोनों शामिल है। अब छात्रों के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह है कि, 15 अप्रैल से 7 मई के बीच दोबारा एग्जाम की तैयारी के लिए मात्र 20 से 22 दिन ही मिलेंगे।












