जनता दरबार में मिली मदद, दिव्यांग क्रिकेटर ओमवीर सेन ने मैदान पर किया कमाल; बने मैन ऑफ द मैच और मैन ऑफ द सीरीज
जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मांडड़ के प्रयास से संविदा पर मिला रोजगार, जीत के बाद डीएम से मिलकर साझा की खुशी
संवाददाता सायरा सूर्यवंशी | एनसीआर नोएडा
गाजियाबाद। जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मांडड़ के जनता दरबार में लोगों की समस्याओं के समाधान के साथ जरूरतमंदों को नई उम्मीद भी मिल रही है। इसका एक उदाहरण दिव्यांग क्रिकेटर ओमवीर सेन हैं, जिन्हें रोजगार मिलने के बाद क्रिकेट के मैदान पर शानदार प्रदर्शन करने का अवसर मिला। उत्तर प्रदेश पैरा क्रिकेट टीम की ओर से खेलते हुए उन्होंने मैन ऑफ द मैच, मैन ऑफ द सीरीज और बेस्ट बैट्समैन के पुरस्कार हासिल किए।
जानकारी के अनुसार, कुछ सप्ताह पहले गोविंदपुरी, मोदीनगर निवासी दिव्यांग क्रिकेटर ओमवीर सेन ने जिलाधिकारी के जनता दरबार में अपनी समस्या रखी थी। उन्होंने बताया था कि वह भारतीय दिव्यांग क्रिकेट टीम और उत्तर प्रदेश पैरा क्रिकेट टीम के खिलाड़ी हैं, लेकिन उन्हें रोजगार नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने जिलाधिकारी से नौकरी दिलाने में मदद की गुहार लगाई थी।
मामले को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी के प्रयासों से ओमवीर सेन को मोदीनगर नगर पालिका में संविदा पर रोजगार मिल गया। रोजगार मिलने पर उन्होंने जिलाधिकारी का आभार जताया और बनारस में होने वाले क्रिकेट मैचों के लिए उनका आशीर्वाद लिया। इस दौरान ओमवीर ने जिलाधिकारी से अपने क्रिकेट बैट पर ऑटोग्राफ भी लिया। उन्होंने जिलाधिकारी को अपना आदर्श बताते हुए कहा कि उनके लिए यह बेहद खुशी का पल है।
तीन पुरस्कार जीतकर डीएम से की मुलाकात
मैचों में शानदार प्रदर्शन के बाद ओमवीर सेन जिलाधिकारी से मिलने पहुंचे और उन्हें अपने पुरस्कार दिखाकर खुशी साझा की। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश पैरा क्रिकेट टीम की ओर से खेलते हुए उन्हें मैन ऑफ द मैच, मैन ऑफ द सीरीज और बेस्ट बैट्समैन का पुरस्कार मिला है।
ओमवीर सेन ने इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर करते हुए जिलाधिकारी के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी से मिले सहयोग और प्रोत्साहन ने उनका हौसला बढ़ाया है।
ओमवीर के अनुसार, जिलाधिकारी ने उनके गांव में उनके नाम पर सड़क का नामकरण कराने की बात भी कही है। रोजगार मिलने और क्रिकेट में उपलब्धियां हासिल करने से उत्साहित ओमवीर सेन की कहानी इस बात को रेखांकित करती है कि समय पर मिला सहयोग और प्रोत्साहन किसी व्यक्ति के आत्मविश्वास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।












